bikhre-pal

प्यार का इज़हार ज़रा मुश्किल था, उसपर तेरा इकरार जैसे नामुमकिन था, किया जो तुने इकरार लगा कोई सपना था, क्यूँ दिखाया मुझे सपना जब मेरा दिल ही तोडना था. […]

निर्भया

ज़िन्दगी के लव्जों से अधूरी कहानी लिखती हूँ, अंतर्मन की किरणों से रौशनी करती हूँ, झंझोरा गया है मेरी आत्मा को, फिर भी उठने की जग्दोजेहेद करती हूँ। इस कदर […]

asmanjas

क्या लिखू क्या न लिखू पता नहीं, हम उन्हें याद नहीं ये भी तो गिला नहीं, वक़्त की लौ में जले जा रहे हैं, जल से दुश्मनी करे जा रहे हैं। […]

sapne

दादी की सुनाई हुयी वो सपनो की कहानी, चंदा मामा की लोरी वो माँ की ज़ुबानी, बंद आंखें कर सपनो के बादलों को चेहरे पे महसूस करना, अकेली रातों में […]

udaan

चहकती खिल-खिलती लहरे जब साहिल को चूमती हैं, तब मुस्कुराती हवाएँ भी अपने साज़ गुनगुनाती हैं, बदलते मौसम में ऋतु भी कुछ झूम के कहती हैं, तब सौंधी मिट्टी की […]

pratibimb

Waqt ki is justuju mein beh rahi hu, Apne armano se samjhota kar rahi hu, Antar aatma sawaal-jawab karti hai, Usse bhi behla-fusla rahi hun. Aansun to ons ki bund […]