Shayari
-
बस तुझे ढूंढती हूँ

चाहत से भरी इन सर्द रातों में मैं तुझे ढूंढती हूँ, आँखों से छलकती तेरी शरारती मुस्कान याद-कर हँसती हूँ| किसी और के दुपट्टे में अपनी जन्नत खोजती हूँ, तेरी ऊँगली से लिपटे धागे पलकों से गिरे मोती में पिरोती हूँ| चाहत से भरी इन सर्द रातों में मैं तुझे ढूंढती हूँ… बस तुझे Continue reading
-
पन्नो पर बिखरी कुछ ज़िन्दगी

Here is another shayari from Vaidus, ‘पन्नो पर बिखरी कुछ ज़िन्दगी’. Hope you all like it! 🙂 Continue reading
-
गुस्ताख़ी

Here is another shayari from the bucket of Vaidus, ‘गुस्ताख़ी’. Hope you enjoy it! 🙂 Continue reading

